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परोपकाराय पुण्यार्जनाय हेतु 'एक सीख'; अपनी कमी पर हंसते हुए दूसरे की कमी पर रोएं

शारदीय नवरात्र: इंटरव्यू में सफलता, धन लाभ, मनचाहा विवाह, दाम्पत्य सुख, समृद्धि पाने हेतु करें ये उपाय…!

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[su_highlight background=”#880930″ color=”#ffffff”]सरहद का साक्षी, @आचार्य हर्षमणि बहुगुणा,[/su_highlight]

आज से शारदीय नवरात्र प्रारम्भ हो रहे हैं, आश्विन शुक्ल प्रतिपदा में नवरात्रारम्भ एवं कलशस्थापन किया जाता है, मत मतान्तर अलग-अलग हो सकते हैं, लोकाचार भी अलग हो सकता है। परन्तु प्रतिपदा में नवरात्रारम्भ करना चाहिए, यदि पूरे दिन प्रतिपदा तिथि है तो मध्याह्न अभिजित मुहूर्त में घटस्थापन करना विधि सम्मत है यह भी कहा गया है कि सूर्योदय से दश घटी तक या अभिजित मुहूर्त में घटस्थापन करना चाहिए। आज के लिए अभिजित मुहूर्त का समय 11/50 से 12/35 तक है। इस पर आज कई मनीषियों के विचार पढ़ने से हमें भी लाभ मिलेगा, अतः अधिक चर्चा समीचीन नहीं है।

आज के इस पुनीत पर्व पर हम आत्म कल्याण के लिए क्या-क्या उपाय कर सकते हैं इस पर चर्चा करना चाहते हैं। तो आईए इस चर्चा में भाग लिया जाए।

शारदीय नवरात्रि के समय कुछ उपाय-

*शरत्काले महापूजा क्रियते या च वार्षिकी। तस्यां ममैतन्माहात्म्यं श्रुत्वा भक्तिसमन्वित:।।
*सर्वाबाधा विनिर्मुक्तो धनधान्यसुतान्वित:। मनुष्यो मत्प्रसादेन भविष्यति न संशय:।।

नौ दिनों तक चलने वाले नवरात्र पर्व में मां जगदम्बिका के विभिन्न स्वरूपों की पूजा की जाती है और उन्हें प्रसन्न करने के लिए विभिन्न साधनाएं भी की जाती हैं। इस नवरात्रि में मनचाही सफलता के लिए विशेष उपाय भी किए जाते हैं। वहीं तंत्र शास्त्र के अनुसार इन नवरात्रियों में किए गए उपाय जल्दी ही शुभ फल प्रदान कर सकते हैं। धन, नौकरी, स्वास्थ्य, संतान, विवाह, प्रमोशन आदि कई मनोकामनाएं इन 9 दिनों में किए गए उपायों से प्राप्त हो सकती है।

ये उपाय इस प्रकार हैं :-
1. मनपसंद वर के लिए उपाय :-
नवरात्रि के दौरान तृतीया पंचमी सप्तमी और नवमी के दिन अपने आस-पास स्थित किसी शिव मंदिर में जाएं। वहां भगवान शिव एवं मां पार्वती पर जल एवं दूध चढ़ाएं और पंचोपचार (चंदन, पुष्प, धूप, दीप एवं नैवेद्य) से उनका पूजन करें। फिर मौली (पूजा में उपयोग किया जाने वाला लाल धागा) से उन दोनों के मध्य गठबंधन करें। वहां बैठकर लाल चंदन की माला से मंत्र का जाप 108 बार करें-मंत्र- हे गौरी शंकरार्धांगी। यथा त्वं शंकर: प्रिया। तथा मां कुरु कल्याणी, कान्त कान्तां सुदुर्लभाम्।। इसके बाद तीन महीने तक रोज इसी मंत्र का जाप शिव मंदिर में अथवा अपने घर के पूजाकक्ष में मां दुर्गा के सामने 108 बार करें। घर पर भी आपको पंचोपचार पूजा करनी है।

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2. शीघ्र विवाह के लिए उपाय :-
*नवरात्रि में शिव-पार्वती का एक चित्र अपने पूजास्थल में रखें और उनकी पूजा-अर्चना करने के पश्चात मंत्र का 3, 5 या 10 माला जाप करें। जाप के बाद भगवान शिव से विवाह में आ रही बाधाओं को दूर करने की प्रार्थना करें-मंत्र- ॐ शं शंकराय सकल जन्मार्जित पाप विध्वंसनाय, पुरुषार्थ चतुष्टय लाभाय च पतिं मे देहि कुरु कुरु स्वाहा।

3. दांपत्य सुख के लिए उपाय :-
यदि जीवनसाथी से अनबन होती रहती है तो नवरात्रि में प्रतिदिन नीचे लिखी चौपाई को पढ़ते हुए 108 बार अग्नि में घी से आहुतियां दें। अब नित्य सुबह उठकर पूजा के समय इस चौपाई को 21 बार पढ़ें। यदि संभव हो तो अपने जीवनसाथी से भी इस चौपाई का जाप करने के लिए कहें- चौपाई-
“सब नर करहिं परस्पर प्रीति। चलहिं स्वधर्म निरत श्रुति नीति

4. धन लाभ के लिए उपाय :
*नवरात्रि के समय कम से कम 5 दिन सभी कार्यों से निवृत्त होकर उत्तर दिशा की ओर मुख करके पीले आसन पर बैठ जांए। अपने सामने तेल के 9 दीपक जला लें। ये दीपक साधनाकाल तक जलते रहने चाहिए। दीपक के सामने लाल चावल (चावल को रंग लें) की एक ढेरी बनाएं फिर उस पर एक श्रीयंत्र रखकर उसका कुंकुम, फूल, धूप, तथा दीप से पूजन करें। उसके बाद एक प्लेट पर स्वस्तिक बनाकर उसे अपने सामने रखकर उसका पूजन करें। श्रीयंत्र को अपने पूजा स्थल पर स्थापित कर लें और शेष सामग्री को नदी में प्रवाहित कर दें। इस प्रयोग से आपको अचानक धन लाभ होने के योग बन सकते हैं।

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5. मनचाही दुल्हन के लिए उपाय :-
*नवरात्रि के समय जो भी सोमवार आए। उस दिन सुबह किसी शिव मंदिर में जाएं। वहां शिवलिंग पर दूध, दही, घी, शहद और शक्कर चढ़ाते हुए उसे अच्छी तरह से साफ करें। फिर शुद्ध जल चढ़ाएं और पूरे मंदिर में झाड़ू लगाकर उसे साफ करें। फिर भगवान शिव की चंदन, पुष्प एवं धूप, दीप आदि से पूजा-अर्चना करें। रात 10 बजे बाद अग्नि प्रज्वलित कर “ॐ नम: शिवाय” मंत्र का उच्चारण करते हुए घी से 108 आहुति दें। अब 40 दिनों तक नित्य इसी मंत्र की पांच माला भगवान शिव के सम्मुख जप करें। इससे शीघ्र ही आपकी मनोकामना पूर्ण होने के योग बनेंगे।

6. इंटरव्यू में सफलता का उपाय :-
नवरात्रि में मंगल गुरु और शुक्र के दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान आदि करने के बाद सफेद रंग का सूती आसन बिछाकर पूर्व दिशा की ओर मुख करके उस पर बैठ जांए। अपने सामने पीला कपड़ा बिछाकर उस पर 108 दानों वाली स्फटिक की माला रख दें और इस पर केशर व इत्र छिड़क कर इसका पूजन करें। इसके बाद धूप, दीप और अगरबत्ती दिखाकर मंत्र का 31 बार उच्चारण करें। इस प्रकार 11 दिन तक करने से वह माला सिद्ध हो जाएगी। जब भी किसी इंटरव्यू में जाएं तो इस माला को पहन कर जाएं। ये उपाय करने से इंटरव्यू में सफलता की संभावना बढ़ सकती है।

मंत्र :– ॐ ह्लीं वाग्वादिनी भगवती मम कार्य सिद्धि कुरु कुरु फट् स्वाहा।

7. “लाभ बढ़ाने का उपाय” :-
नवरात्रि में सोमवार और शुक्रवार के दिन सुबह स्नान कर साफ कपड़े में अपने सामने मोती शंख को रखें और उस पर केशर से स्वस्तिक का चिह्न बना दें। इसके बाद इस मंत्र का जाप करें-मंत्र-

ॐ श्रीं ह्रीं श्रीं महालक्ष्म्यै नम:। मंत्र जाप के ये हैं नियम- मंत्र का जप स्फटिक माला से ही करें।  मंत्रोच्चार के साथ एक-एक चावल इस शंख में डालें। इस बात का ध्यान रखें की चावल टूटे हुए ना हो।

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यह प्रयोग लगातार नौ दिनों तक करें।- इस प्रकार रोज एक माला जाप करें। उन चावलों को एक सफेद रंग के कपड़े की थैली में रखें और 9 दिन के बाद चावल के साथ शंख को भी उस थैली में रखकर तिजोरी में रखें। इस उपाय से घर की बरकत बढ़ सकती है।

8. माता जगदंबिका को आम अथवा गन्ने के रस से स्नाान करवाया जाए तो लक्ष्मी और सरस्वती ऐसे भक्त का घर छोड़कर कभी नहीं जातीं। वहां नित्य ही संपत्ति और विद्या का वास रहता है।

9. वेद पाठ के साथ
यदि कर्पूर, अगरु (सुगंधित वनस्पति), केशर, कस्तूरी व कमल के जल से देवी को स्नान करवाया जाए तो सभी प्रकार के पापों का नाश हो जाता है तथा साधक को थोड़े प्रयासों से ही सफलता मिलती है।

10. द्राक्षा (दाख) के रस से यदि माता जगदंबिका को स्नान करवाया जाए तो भक्तों पर देवी की कृपा बनी रहती है।

11. इसी प्रकार यदि देवी को दूध से स्नान करवाया जाए तो व्यक्ति सभी प्रकार की सुख-समृद्धि का स्वामी बनता है।

*शारदीय नवरात्र की हार्दिक बधाई एवं मां की कृपा प्राप्ति हेतु शुभाशंसा ।

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